बिलासपुर पुलिस ने साइबर ठगी के मामले में कार्यवाही करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है… जबकि मुख्य सरगना मनोज स्वामी विदेश कतर में रहकर ठगी को अंजाम देता था जिसे गिरफ्तार करने पुलिस तैयारी कर रही है…पिछले कुछ समय से लगातार साइबर ठगी के मामलों में तेजी से शिकायत पुलिस तक पहुंच रही थी लगातार पुलिस के द्वारा भी इन पर निगाहें रखी गई थी जिसके बाद पुलिस ने यह कामयाबी हासिल की है दरअसल

आरोपी अजय सिँह और गज्जू स्वामी जो की राजस्थान से है इन दोनों आरोपियों ने मिलकर बिलासपुर के पारिजात कॉलोनी निवासी सुनील कुमार जो की बैंक मैनेजर है, उनको एक महिला ने खुद को फर्जी कम्पनी का एच.आर. बताकर
बैंक मैनेजर सुनील को पार्ट टाइम जॉब का ऑफर देकर छोटे छोटे टास्क पुरे करने और प्रत्येक टास्क मे 200 रूपये दिए जायेंगे का लालच देकर घटनाओं अंजाम देते थे…इसके बाद महिला द्वारा गलत टास्क होना बताकर पीड़ित से पहले कम राशि जमा करने को कहाँ गया

धीरे धीरे पीड़ित से लगभग 15 लाख चार हजार आठ सौ पचास रूपये की ठगी कर ली गईदोनों गिरफ्तार आरोपियों से 5 लाख रूपये उनके बैंक अकाउंट मे होल्ड कराया गया है साथ ही 1लाख 27 हजार पीड़ित को वापस किया गया.


इस पुरे ठगी का मास्टर माइंड मनोज स्वामी है जो विदेश कतर मे रहकर अंजाम दे रहा था. हालांकि अब लोगों को भी इस दिशा में जागरूक होना होगा और इस तरह के ठगी के मामलों से बचना होगा थोड़े से लालच में लोग इनकी माया जाल में फंस जाते हैं और फिर अपनी जमा पूंजी को गवाह बैठते हैं लगातार जागरूकता के बाद भी मामलों में कमी न आना कहीं ना कहीं लोगों को बड़ी राशि की लालच उसे और खींच रही है ऐसे में अब मामले के खुलासे होने के बाद उम्मीद है कि इस दिशा में कुछ कमी देखी जाएगी

🛑 बिलासपुर रेंज साइबर थाना में दर्ज ऑनलाइन धोखाधड़ी के मामले में अंतरराज्यीय आरोपी को गिरफ्तार करने में मिली सफलता
🛑 टेलीग्राम एप के माध्यम से फर्जी कंपनी का एच.आर. बनकर महिला द्वारा बैंक मैनेजर को पार्ट टाईम जाॅब कराने का आफर देकर टास्क पूरा करने पर घर बैंठे मुनाफा कमाने का झांसा देकर किये थे ठगी।
🛑 रेंज सायबर थाना बिलासपुर की सायबर ठगी करने वाले अंतर्राज्यीय शातिर अपराधियो पर बडी कार्यवाही।
🛑 फर्जी सिम कार्ड व फर्जी बैंक अकाउंट का आरोपी धोखाधडी करने में करते थे उपयोग।
🛑 सैकडो आई.एम.ई.आई. नम्बर व सैकडो मोबाईल नम्बर खंगालने के बाद पुलिस पहुॅची शातिर आरोपीयो तक।
🛑 मुख्य सरगना मनोज स्वामी जो लेबर ठेकेदारी के आड मंे दोहा कतर (विदेश) मेे रहकर कर रहा था आॅपरेट उसके खिलाफ भी की जायगी कार्यवाही।
🛑 रेंज सायबर थाना बिलासपुर व ए.सी.सी.यू. बिलासपुर की संयुक्त कार्यवाही कर 01 सप्ताह तक राजस्थान में डेरा डालकर कार्यवाही करने बाद पुलिस को मिली महत्वपूर्ण सफलता।

अपराध क्रमंाक 06/2024 धारा 420, 120(बी), 34 भा.द.वि. एवं 66(सी)(डी), 43 आई.टी एक्ट

नाम गिरफ्तार आरोपी:-

  1. अजय सिंह पिता रामसिंह उम्र 22 साल जाति राजपुत निवासी ग्राम छपारा लडानू थाना जसवंतगढ जिला डीडवाना कुचावन (राजस्थान)।
  2. गजेन्द्र उर्फ गज्जु स्वामी पिता मघादास स्वामी उम्र 40 साल जाति निवासी ग्राम गुडपालिया पोस्ट छपारा थाना लांडनू जिला नागौर (राजस्थान)।

प्रार्थी सुनील कुमार पिता महादेव उम्र 36 साल निवासी परिजात एक्सटेंशन नगर बिलासपुर (छ.ग.) को टेलीग्राम एप के माध्यम से क्वाईन स्वीच इनवेस्टमेंट मैनेजमेंट कंपनी (फर्जी कंपनी) का एच.आर. बनकर महिला द्वारा प्रार्थी बैंक मैनेजर को पार्ट टाईम जाॅब करने का आॅफर दिया गया जिसमें कुछ छोटे-छोटे टास्क पूरे करने पर प्रत्येक टास्क के 200 रू मिलना बताया बाद में गलत टास्क होना बताकर पीडित से पैसे जमा कराया पहले कम राशि जमा कराया गया फिर पैसे को वापस करने का झांसा देकर लगातर अधिक रकम जमा कराते गये इस तरह प्रार्थी से दिनांक 10.09.23 से 12.09.23 तक कुल 15,04,850 रू की ठगी कर धोखाधडी किये जाने कि लिखित आवेदन पत्र पेश करने पर उपरोक्त अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।

प्रार्थी के साथ धोखाधडी करने वाले व्यक्तियो की जानकारी एकत्र करने सायबर पोर्टल पर रिपोर्ट दर्ज कर कर अवलोकन किया गया संदिग्ध बैंक खातो को चिन्हांकित कर बैंक स्टेटमेट, आॅनलाईन ट्रांजेक्शन व ए.टी.एम. विड्राल आदि की समीक्षा उपरांत बैंक पंजीकृत मोबाईल नम्बर, काॅलिंग आई.एम.ई.आई. नम्बर काॅलिंग नम्बर आदि की समीक्षा की गई आरोपी राजस्थान के गुडपालिया व लडानू के आसपास के निवासी होने की जानकारी प्राप्त हुई।

एक विशेष टीम निरीक्षक अवनीश पासवान के निर्देशन मे राजस्थान, दिल्ली ओर रवाना की गई टीम द्वारा 01 सप्ताह तक राजस्थान में रहकर आरोपीयो का पता ठिकाना ज्ञात कर विवेचना प्रारम्भ की गई जो आरोपीगण अजय सिंह व गजेन्द्र स्वामी का आनेंलाईन ठगी का काम करने में संलिप्त होने की जानकारी प्राप्त हुई।
स्थानीय पुलिस के सहयोग से आरोपी गज्जु उर्फ गजेन्द्र स्वामी व अजय सिंह को हिरासत में लेकर पुछताछ किया गया जो आॅनलाईन ठगी का काम करना स्वीकार किये ठगी के काम में उपयोग में आने वाले फर्जी सिम कार्ड व फर्जी बैंक खाते गाॅव के आसपास के मजदूरी करने वाले व्यक्तियो के नाम पर प्राप्त करना स्वीकार किये तथा आनलाईन फ्राॅड का कार्य मनोज स्वामी जो विदेश दोहा की राजधानी कतर में रहकर लेबर ठेकेदारी कार्य के आड़ में आनलाइन फ्राड का काम करता है के सहयोग से उपरोक्त कार्य करना जाहिर किये जो विदेश मे कार्य करने वाले मजदूरो से कतर की मुद्रा रियाल प्राप्त कर मजदूरो के परिजनो को भारतीय मुद्रा जो आनलाईन फ्राॅड से प्राप्त हुई है संदिग्ध बैंक अकांउट से स्थानांतरित कर देता है की जानकारी भी प्राप्त हुई है
मामले में प्रार्थी से प्राप्त रकम में से 5 लाख रु अजय सिंह और गज्जू के द्वारा अपने खाता से आहरित कर उपयोग किया गया एवं शेष राशि मनोज स्वामी द्वारा अन्य बैंक खातो में हस्तांतरित करवा दी गई, पुलिस टीम द्वारा अथक परिश्रम व सुझबुझ का परिचय देते हुये आरोपीगणो अजय सिंह और गज्जू स्वामी को गिरफ्तार किया गया है गिरफ्तार आरोपीयो से 05 लाख रू उनके बैंक अकाउंट में होल्ड कराया गया है, साथ ही 1 लाख 27 हजार रू प्रार्थी को माननीय न्यायालय के माध्यम से बैंक होल्ड अमांउट मंेे से वापस करा दिया गया है गिरफ्तार आरोपीयो से घटना में प्रयुक्त 02 नग एण्ड्रायड फोन मय सिम कार्ड जप्त किया गया है गिरफ्तार आरोपीयो को आज माननीय न्यायालय पेश किया जाता है।

कोई भी व्यक्ति अनजान नम्बर से अपने आप को पुलिस का अधिकारी, सी.बी.आई. अथवा ई.डी. का अधिकारी बताकर ठगी करने का प्रयास करते है ऐसे काॅल से सावधान रहे। बिलासपुर पुलिस इस प्रकार के ठगी को रोकने के लिये थानो में आम जनता द्वारा दर्ज कराये गये रिपोर्ट में मोबाईल नम्बर एवं व्यक्तिगत जानकारी हाईड किया जा रहा है।

  • अनजान व्यक्ति जिसका नम्बर आपके मोबाईल पर सेव नही है उसके साथ कभी भी कोई निजी जानकारी, बैंकिग जानकारी, ओटीपी, आधार कार्ड, पैन कार्ड फोटो आदि शेयर न करे।
  • अनजान वेबसाईट एवं अनाधिकृत एप डाॅउनलोड या सर्च करने से बचे।
    कम परिश्रम से अधिक लाभ कमाने अथवा रकम दुगना करने का झांसा देने वाले व्यक्तियों से सावधान रहे खुद को स्वयं होकर ठगो के पास न पहॅुचाये।
  • स्वयं की पहचान छुपाकर सोशल मिडीया फेसबुक, इन्स्टाग्राम, व्हाट्सएप इत्यादि के माध्यम से ईंटिमेट (अश्लील लाईव चैंट) करने से बचे।
  • परीक्षा में अधिक अंको से पास करा देने की झांसा देने वाले व्यक्तियो खासकर +92 नम्बरो से आने वाले वाॅट्सअप काॅल से बचने का प्रयास करे।
    साइबर फ्राॅड की घटना घटित होने पर निम्न प्रकार से त्वरित रिपोर्ट दर्ज करा सकते है:
  • तत्काल नजदीकी थाना में अपनी शिकायत दर्ज करें।
    हेल्पलाईन नम्बर 1930 पर सम्पर्क कर सहायता प्राप्त कर सकते है।
    https://cybercrime.gov.in पर जाकर ऑनलाइन शिकायत दर्ज कर सकते है।
Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *