होली, ईद-उल-फितर सहित सभी पर्व आपसी भाईचारे एवं सामाजिक सौहार्द के साथ मनाने का निर्णय


/जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक आज यहां जिला कार्यालय के मंथन सभाकक्ष में एडीएम श्री आर.ए.कुरूवंशी की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। बैठक में मार्च एवं अप्रैल महीने मंे आने वाले पर्व होलिका दहन, होली, गुड फ्राइडे, नवरात्रि, ईद-उल-फितर, रामनवमी, हनुमान जयंती एवं चेट्रीचंड पर्व आपसी तालमेल एवं भाईचारे की भावना के साथ सौहार्द्रपूर्ण माहौल में मनाने का निर्णय लिया गया। बैठक में अपर कलेक्टर श्री शिवकुमार बनर्जी, एडीशनल एसपी शहरी श्री उमेश कश्यप, एडीशनल एसपी ग्रामीण श्रीमती अर्चना झा, बिलासपुर एसडीएम श्री पीयूष तिवारी, शांति समिति के सदस्य श्री हबीब मेमन, सुधीर खण्डेलवाल सहित अन्य पदाधिकारी और अधिकारी मौजूद थे। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि सभी पर्व के दौरान डीजे पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा और आदर्श आचरण संहिता के नियमों का पालन करते हुए सभी पर्व मनाया जाएगा।
एडीएम श्री कुरूवंशी ने कहा कि जिले में सभी धर्माें एवं सम्प्रदाय का सम्मान करते हुए भाईचारे के साथ सभी धर्माें के पर्वाें और उत्सवों को मनाने की परम्परा रही है। उन्होंने यह परम्परा आगे भी जारी रहने की आशा व्यक्त की। बैठक में पर्व के दौरान आपात सहायता एवं किसी भी तरह की अनहोनी को टालने के लिए पुलिस सहित नगर पालिक निगम, नगर सेना एवं सिम्स एवं जिला अस्पताल, विद्युत मण्डल आदि विभागों को मुस्तैद रहने के निर्देश दिए गए। समिति ने जिले के सभी नागरिकों को जल का अपव्यय रोकने हेतु सूखी होली खेलने एवं केमिकल युक्त रंगों का उपयोग नहीं करते हुए शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में आपसी भाईचारे एवं हर्षाेल्लास के साथ होली पर्व मनाने की अपील की है। हुड़दंगियों, तेज वाहन चलाने वाले तथा धार्मिक पर्वाें की भावना के विपरीत काम करने वाले असामाजिक लोगों के साथ पुलिस को सख्ती से निपटने कहा गया है। समिति के सदस्यों ने इसी प्रकार सभी पर्व शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाने पर अपनी-अपनी सहमति जताई।


नगर पालिक निगम द्वारा होलिका दहन स्थलों को चिन्हांकित कर साफ-सफाई कराई जाएगी। नियमित रूप से दो तीन बार पेयजल आपूर्ति की व्यवस्था भी निगम द्वारा सुनिश्चित की जाएगी। पुलिस विभाग को पर्व के दौरान शहर के समस्त चौक-चौराहों, धार्मिक स्थलों, सिम्स, जिला अस्पताल सहित महत्वपूर्ण स्थलों पर पर्याप्त संख्या में सुरक्षा बल तैनात करने के निर्देश दिए गए है। बीच सड़क पर डिस्क एवं बिजली तार के नीचे होलिका दहन नहीं किया जाएगा। तेज गति से मोटर वाहन चलाने वाले एवं तीन सवारी चलने वालों पर पुलिस द्वारा निगरानी रखी जाएगी। पेट्रोेलिंग पार्टी की संख्या बढ़ाकर मुख्य मार्गाें के साथ-साथ अंदर की गलियों में गश्त की जाएगी। नगर सेना द्वारा फायर बिग्रेेड वाहन मुस्तैद रखा जाएगा। सिम्स एवं जिला अस्पताल इस दौरान 24 घंटे खुले रहेंगे। विद्युत विभाग को पर्व के दौरान विद्युत की निरंतर आपूर्ति बनाये रखने एवं आपात स्थिति में सुधार के लिए कर्मचारियों की टीम तैनात रखे जाने के निर्देश दिए गए है।

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अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर में अन्ननली के कैंसर की जटिल सर्जरी ‘इसोफैजेक्टॉमी’ सफलतापूर्वक संपन्न

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में कैंसर उपचार के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते हुए अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर में अन्ननली (फूड पाइप) के कैंसर से पीड़ित मरीज की अत्यंत जटिल एवं चुनौतीपूर्ण शल्यक्रिया इसोफैजेक्टॉमी (Esophagectomy) सफ tcलतापूर्वक की गई। इस जटिल ऑपरेशन का सफल नेतृत्व डॉ. अमोल पडेगांवकर एवं उनकी विशेषज्ञ सर्जिकल टीम ने किया।
इसोफैजेक्टॉमी को ऑन्को सर्जरी की सबसे कठिन और तकनीकी रूप से चुनौतीपूर्ण शल्यक्रियाओं में गिना जाता है। इस प्रक्रिया में कैंसरग्रस्त अन्ननली के हिस्से को निकालकर पेट (स्टमक) की सहायता से भोजन के लिए नया मार्ग बनाया जाता है। यह ऑपरेशन अत्यधिक विशेषज्ञता, अनुभवी एनेस्थीसिया टीम, आधुनिक आईसीयू सुविधाओं तथा बहु-विषयक चिकित्सा टीम के समन्वित प्रयासों की मांग करता है।
अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर में इस जटिल सर्जरी की सफलता प्रदेश के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। इससे अब छत्तीसगढ़ एवं आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को ऐसी उन्नत कैंसर सर्जरी के लिए महानगरों का रुख करने की आवश्यकता कम होगी और उन्हें अपने ही क्षेत्र में विश्वस्तरीय उपचार उपलब्ध हो सकेगा।
इस अवसर पर डॉ. अमोल पडेगांवकर ने कहा कि अन्ननली के कैंसर का समय पर पता चलना उपचार की सफलता के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। यदि किसी व्यक्ति को लंबे समय तक निगलने में कठिनाई, बिना कारण वजन कम होना, भोजन करते समय रुकावट महसूस होना अथवा लगातार उल्टी जैसी समस्याएं हों, तो तुरंत विशेषज्ञ चिकित्सक से परामर्श लेना चाहिए। प्रारंभिक अवस्था में रोग की पहचान होने पर उपचार के परिणाम कहीं अधिक बेहतर होते हैं।
अस्पताल प्रबंधन ने इस सफलता के लिए डॉ. अमोल पडेगांवकर एवं उनकी संपूर्ण सर्जिकल, एनेस्थीसिया, क्रिटिकल केयर, नर्सिंग तथा सहयोगी टीम को बधाई देते हुए कहा कि अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर उन्नत कैंसर उपचार की आधुनिक सुविधाएं प्रदान करने के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है।
यह सफल शल्यक्रिया न केवल अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर की चिकित्सा विशेषज्ञता का प्रमाण है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि अब मध्य भारत में अत्याधुनिक एवं जटिल कैंसर सर्जरी विश्वस्तरीय मानकों के अनुरूप सफलतापूर्वक की जा रही हैं।