▪️ पुलिस महानिरीक्षक डाॅ. संजीव शुक्ला के निर्देश पर
▪️ राज्य स्तरीय मास्टर ट्रेनर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षकों द्वारा पी.पी.टी के माध्यम से पुलिस अधिकारियों को दिया गया प्रशिक्षण
▪️ आदर्श आचार संहिता का सख्ती से पालन करने व कराने हेतु दिये गये निर्देश
▪️ निर्वाचन से संबंधित शिकायतों को तत्काल निराकरण करने तथा मौके पर बिना विलंब के पहुंचने दिये गये निर्देश
▪️ रेंज स्तरीय मास्टर ट्रेनर के रूप में जिलों के अन्य पुलिस अधिकारी/ कर्मचारियों को प्रशिक्षण देने हेतु दिये गये गये निर्देश
आसन्न लोकसभा निर्वाचन-2024 प्रक्रिया के दौरान पुलिस अधिकारी/कर्मचारी अपने उत्तरदायित्व का भलीभांति निर्वाहन कर सके तथा भयमुक्त वातारण मतदाता को प्राप्त हो, इसके लिए पुलिस महानिरीक्षक डॉ.संजीव शुक्ला द्वारा बिलासपुर रेंज के जिलों के पुलिस राजपत्रित अधिकारियों, थाना प्रभारियों, उप निरीक्षक/सउनि स्तर के अधिकारियों का प्रशिक्षण रक्षित केन्द्र बिलासपुर स्थित सभागृह में रखा गया। रेंज स्तरीय प्रशिक्षण कार्यशाला के प्रारंभिक उदबोधन में पुलिस अधीक्षक, बिलासपुर रजनेश सिंह द्वारा दिनांक 16 मार्च, 2024 को निर्वाचन तिथियों की घोषणा के साथ ही आदर्श आचार संहिता लागु होने तथा दिनांक 07 मई, 2024 को बिलासपुर रेंज के लोकसभा क्षेत्र बिलासपुर, रायगढ़, कोरबा एवं जांजगीर-चांपा हेतु मतदान होने की जानकारी दी गई। उनके द्वारा राज्य निर्वाचन आयोग

तथा पुलिस मुख्यालय द्वारा पुलिस अधीक्षक, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक व जिले के राजपत्रित अधिकारियों को दिये गये प्रशिक्षण की सारगर्भित जानकारी दी गई। इसके अंतर्गत फोर्स डिप्लायमेंट, फोर्स के रोटेशन की प्लानिंग, केन्द्रीय बल व राज्य सशस्त्र बल के आगमन की तैयारी के तहत उनके रूकने व मूलभूत सुविधों की तैयारी के साथ उन्हें दिये जाने वाले मानदेय संबंधी जानकारी दी गई। श्री सिंह द्वारा बताया गया कि आदर्श आचार संहिता लागू होने उपरांत धारा 144 जाफौ की प्रभावशील होने के आधार पर जिले में कानून व्यवस्था सुनिश्चित करने, एफ.एस.टी/एस.एस.टी की कार्यवाही, एल.ओ.आर. नियमित रूप से भेजने, स्ट्रांग रूम की सुरक्षा, निर्वाचन संबंधी अपराधों क निराकरण हेतु कहा गया । साथ ही मतदान केन्द्रों के वल्नरेबिलिटीममेपिंग व क्रिटिकल मतदान केन्द्रों के निर्धारण संबंधी जानकारी दी गई। पुलिस महानिरीक्षक, बिलासपुर रेंज डाॅ संजीव शुक्ला द्वारा द्वारा प्रशिक्षण सत्र के उद्देश्य पर प्रकाश डाला गया। श्री शुक्ला द्वारा बताया गया कि आदर्श आचार संहिता 16 मार्च 2024 को लागू होने पश्चात निर्वाचन आयोग के सभी निर्देशों का कड़ाई से पालन सबकी प्र्राथमिक जिम्मेदारी है। निर्वाचन शांतिपूर्ण व निष्पक्ष हो इसके हेतु निर्वाचन आयोग के निर्देशों की जानकारी सभी को होनी चाहिए।

रेंज स्तरीय प्रशिक्षण के पश्चात अगले चरण में जिले के अन्य अधिकारियों सहित प्रधान आरक्षक, आरक्षकों व विशेष पुलिस अधिकारियों को प्रशिक्षण कराना है। इसके लिए रेंज स्तर पर राज्य स्तर पर प्राप्त मास्टर ट्रेनर अधिकारियों से प्रशिक्षण सामग्री संकलित कर लेने निर्देशित किया गया। निर्वाचन आयोग द्वारा जारी निर्देशों की पुस्तिका का अध्ययन प्रशिक्षण देने निर्देशित किया गया। मतदान केन्द्रों की सुरक्षा के लिए थाना प्रभारी/नगर पुलिस अधीक्षक, तहसीलदार/ एसडीएम स्तर के अधिकारी मिलकर सभी मतदान केन्द्रों का भ्रमण कर लेवें। आदर्श आचार संहिता के पालन हेतु इससे जुड़ी छोटी-छोटी बातों की जानकारी कर्मचारियों को दिये जाने निर्देशित किया गया। निर्वाचन प्रशिक्षण के दौरान राज्य स्तरीय मास्टर ट्रेनर श्री राजेन्द्र जायसवाल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जांजगीर-चांपा द्वारा लायसेंसी हथियों को जमा करने संबंधी आयोग के निर्देश तथा प्रतिबंधात्मक कार्यवाही एवं अजमानती वारंटों के तामीली हेतु प्रयास एवं उनके लाभ, एल.ओ.आर., निर्वाचन संबंधी अपराध, विवेचना एवं निराकरण तथा एफ.एस.टी., एस.एस.टी संबंधित विषय पर प्रशिक्षण दिया गया। श्रीमती नेहा वर्मा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, कटघोरा जिला कोरबा द्वारा आदर्श आचार संहिता, मतदान दिवस से पहले, मतदान के दिन व मतदान पश्चात सुरक्षा प्रबंध, स्ट्रांगरूम सुरक्षा, मतदान के पूर्व एवं मतदान के पश्चात, निर्वाचन के समय क्या करे ? क्या न करे ?

संबंधी विषय पर प्रशिक्षण दिया गया। अनुज कुमार, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, बिलासपुर द्वारा मतदान केन्द्रों की जानकारी/निगरानी/कार्यवाही, संवेदनशील मतदान केन्द्रों का वर्गीकरण, वल्नरेविलिटीमेपिंग एवं क्रिटीकल एनालिसिस विषय पर प्रशिक्षण प्रदान किया गया। EVM & VV Pat की सुरक्षा, सुरक्षा बल डिप्लायमेंट प्लाॅन, उनको प्रदाय की जाने वाली सुविधाओं के मापदण्ड विषय पर श्री पंकज पटेल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, ग्रामीण, बिलासपुर द्वारा दी गई । उपरोक्त निर्वाचन प्रशिक्षण में श्रीमती अर्चना झा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, ग्रामीण, बिलासपुर, श्रीमती मधुलिका सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, कार्यालय पु.म.नि. बिलासपुर सहित रेंज के जिलों से, 10 उप पुलिस अधीक्षक, 01 प्रशिक्षु भापुसे अधिकारी, 2 प्रशिक्षु उप पुलिस अधीक्षक, 22 निरीक्षक, 07 उप निरीक्षक सहित 04 सहायक उप निरीक्षक, कुल 48 अधिकारी उपस्थित रहे।

Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You missed

अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर में अन्ननली के कैंसर की जटिल सर्जरी ‘इसोफैजेक्टॉमी’ सफलतापूर्वक संपन्न

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में कैंसर उपचार के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते हुए अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर में अन्ननली (फूड पाइप) के कैंसर से पीड़ित मरीज की अत्यंत जटिल एवं चुनौतीपूर्ण शल्यक्रिया इसोफैजेक्टॉमी (Esophagectomy) सफ tcलतापूर्वक की गई। इस जटिल ऑपरेशन का सफल नेतृत्व डॉ. अमोल पडेगांवकर एवं उनकी विशेषज्ञ सर्जिकल टीम ने किया।
इसोफैजेक्टॉमी को ऑन्को सर्जरी की सबसे कठिन और तकनीकी रूप से चुनौतीपूर्ण शल्यक्रियाओं में गिना जाता है। इस प्रक्रिया में कैंसरग्रस्त अन्ननली के हिस्से को निकालकर पेट (स्टमक) की सहायता से भोजन के लिए नया मार्ग बनाया जाता है। यह ऑपरेशन अत्यधिक विशेषज्ञता, अनुभवी एनेस्थीसिया टीम, आधुनिक आईसीयू सुविधाओं तथा बहु-विषयक चिकित्सा टीम के समन्वित प्रयासों की मांग करता है।
अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर में इस जटिल सर्जरी की सफलता प्रदेश के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। इससे अब छत्तीसगढ़ एवं आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को ऐसी उन्नत कैंसर सर्जरी के लिए महानगरों का रुख करने की आवश्यकता कम होगी और उन्हें अपने ही क्षेत्र में विश्वस्तरीय उपचार उपलब्ध हो सकेगा।
इस अवसर पर डॉ. अमोल पडेगांवकर ने कहा कि अन्ननली के कैंसर का समय पर पता चलना उपचार की सफलता के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। यदि किसी व्यक्ति को लंबे समय तक निगलने में कठिनाई, बिना कारण वजन कम होना, भोजन करते समय रुकावट महसूस होना अथवा लगातार उल्टी जैसी समस्याएं हों, तो तुरंत विशेषज्ञ चिकित्सक से परामर्श लेना चाहिए। प्रारंभिक अवस्था में रोग की पहचान होने पर उपचार के परिणाम कहीं अधिक बेहतर होते हैं।
अस्पताल प्रबंधन ने इस सफलता के लिए डॉ. अमोल पडेगांवकर एवं उनकी संपूर्ण सर्जिकल, एनेस्थीसिया, क्रिटिकल केयर, नर्सिंग तथा सहयोगी टीम को बधाई देते हुए कहा कि अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर उन्नत कैंसर उपचार की आधुनिक सुविधाएं प्रदान करने के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है।
यह सफल शल्यक्रिया न केवल अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर की चिकित्सा विशेषज्ञता का प्रमाण है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि अब मध्य भारत में अत्याधुनिक एवं जटिल कैंसर सर्जरी विश्वस्तरीय मानकों के अनुरूप सफलतापूर्वक की जा रही हैं।