बच्चों को स्नेह से परोसा भोजन, बच्चों के साथ जमीन पर बैठकर खाया खाना

न्योता भोज से मानसिक और शारीरिक रूप से पुष्ट होंगे स्कूली बच्चे : उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव

बिलासपुर. 1 मार्च 2024. उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव तथा स्वास्थ्य मंत्री एवं गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के प्रभारी मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल आज पेंड्रा में स्कूली बच्चों के न्योता भोज में शामिल हुए। उन्होंने बड़े स्नेह से बच्चों को भोजन परोसा और उनके साथ जमीन पर बैठकर खाना खाया। प्रधानमंत्री पोषण शक्ति योजना के तहत स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय पेण्ड्रा में गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिला प्रशासन द्वारा आयोजित न्योता भोज में उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव, स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल, विधायक श्री धरमलाल कौशिक, श्री प्रणव कुमार मरपच्ची और श्री किरण सिंह देव ने बच्चों को खीर, पूड़ी, पुलाव, पापड़, सलाद, चटनी और केला परोसा। उन्होने नन्हें बच्चों को अपने हाथों से खाना खिलाया और उनके साथ लाइन में बैठकर भोजन किया। उप मुख्यमंत्री, स्वास्थ्य मंत्री और विधायकों के साथ जनप्रतिनिधियों ने बच्चों के साथ पौष्टिक और स्वादिष्ट न्योता भोज किया।

उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने न्योता भोज के दौरान बड़ी आत्मीयता और सहजता से बच्चों से बात की। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने पूरे देश में न्योता भोज अभियान चलाया है। यह प्रेरणा देने वाली योजना है। इससे बच्चों को सामूहिक रूप से भोजन करने का अवसर मिल रहा है। न्योता भोज में पौष्टिक, स्वादिष्ट एवं गर्म भोजन मिलने से बच्चे मानसिक एवं शारीरिक रूप से पुष्ट होंगे।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने इस योजना के तहत लोगों और संगठनों से विशेष मौके जैसे राष्ट्रीय पर्व, त्योहार, जन्मदिन या विवाह वर्षगांठ के मौके पर स्कूली बच्चों को भोजन कराने की अपील की है। मुख्यमंत्री की अपील पर पूरे प्रदेश में यह अभियान चल रहा है। गौरेला-पेंड्रा-मरवाही की कलेक्टर श्रीमती लीना कमलेश मंडावी, वन मण्डलाधिकारी श्री शशि कुमार, जिला शिक्षा अधिकारी श्री जे.के. शास्त्री, श्री कन्हैया राठौर, श्री राकेश चतुर्वेदी और श्री लालजी यादव सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक न्योता भोज में शामिल हुए।

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अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर में अन्ननली के कैंसर की जटिल सर्जरी ‘इसोफैजेक्टॉमी’ सफलतापूर्वक संपन्न

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में कैंसर उपचार के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते हुए अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर में अन्ननली (फूड पाइप) के कैंसर से पीड़ित मरीज की अत्यंत जटिल एवं चुनौतीपूर्ण शल्यक्रिया इसोफैजेक्टॉमी (Esophagectomy) सफ tcलतापूर्वक की गई। इस जटिल ऑपरेशन का सफल नेतृत्व डॉ. अमोल पडेगांवकर एवं उनकी विशेषज्ञ सर्जिकल टीम ने किया।
इसोफैजेक्टॉमी को ऑन्को सर्जरी की सबसे कठिन और तकनीकी रूप से चुनौतीपूर्ण शल्यक्रियाओं में गिना जाता है। इस प्रक्रिया में कैंसरग्रस्त अन्ननली के हिस्से को निकालकर पेट (स्टमक) की सहायता से भोजन के लिए नया मार्ग बनाया जाता है। यह ऑपरेशन अत्यधिक विशेषज्ञता, अनुभवी एनेस्थीसिया टीम, आधुनिक आईसीयू सुविधाओं तथा बहु-विषयक चिकित्सा टीम के समन्वित प्रयासों की मांग करता है।
अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर में इस जटिल सर्जरी की सफलता प्रदेश के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। इससे अब छत्तीसगढ़ एवं आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को ऐसी उन्नत कैंसर सर्जरी के लिए महानगरों का रुख करने की आवश्यकता कम होगी और उन्हें अपने ही क्षेत्र में विश्वस्तरीय उपचार उपलब्ध हो सकेगा।
इस अवसर पर डॉ. अमोल पडेगांवकर ने कहा कि अन्ननली के कैंसर का समय पर पता चलना उपचार की सफलता के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। यदि किसी व्यक्ति को लंबे समय तक निगलने में कठिनाई, बिना कारण वजन कम होना, भोजन करते समय रुकावट महसूस होना अथवा लगातार उल्टी जैसी समस्याएं हों, तो तुरंत विशेषज्ञ चिकित्सक से परामर्श लेना चाहिए। प्रारंभिक अवस्था में रोग की पहचान होने पर उपचार के परिणाम कहीं अधिक बेहतर होते हैं।
अस्पताल प्रबंधन ने इस सफलता के लिए डॉ. अमोल पडेगांवकर एवं उनकी संपूर्ण सर्जिकल, एनेस्थीसिया, क्रिटिकल केयर, नर्सिंग तथा सहयोगी टीम को बधाई देते हुए कहा कि अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर उन्नत कैंसर उपचार की आधुनिक सुविधाएं प्रदान करने के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है।
यह सफल शल्यक्रिया न केवल अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर की चिकित्सा विशेषज्ञता का प्रमाण है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि अब मध्य भारत में अत्याधुनिक एवं जटिल कैंसर सर्जरी विश्वस्तरीय मानकों के अनुरूप सफलतापूर्वक की जा रही हैं।