शासकीय योजनाओं का प्राथमिकता से क्रियान्वयन के दिए निर्देश

बिलासपुर. . उप मुख्यमंत्री एवं कोरबा जिले के प्रभारी मंत्री श्री अरुण साव ने आज अपने कोरबा प्रवास के दौरान जिले में विकास कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने समीक्षा बैठक में अधिकारियों से कहा कि कोरबा प्रदेश की ऊर्जा धानी है। यहां कार्य करने की असीम संभावनाएं है, संसाधनों की कोई कमी नही है, बहुमूल्य खनिज प्रचुर मात्रा में उपलब्ध हैं। सभी अधिकारी नई ऊर्जा व उत्साह के साथ काम करें। सभी अधिकारी अपने कर्तव्यों का जिम्मेदारीपूर्वक निर्वहन करें एवं शासन की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ लोगों तक प्राथमिकता से पहुँचाएं।

वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री  लखन लाल देवांगन, विधायक प्रेमचंद पटेल, कोरबा के महापौर राजकिशोर प्रसाद, जिला पंचायत की अध्यक्ष श्रीमती शिवकला छत्रपाल सिंह कंवर, कलेक्टर अजीत वसंत, पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी, डीएफओ  अरविंद पीएम, कुमार निशांत, जिला पंचायत के सीईओ संबित मिश्रा और नगर निगम की आयुक्त श्रीमती प्रतिष्ठा ममगाई सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी समीक्षा बैठक में मौजूद थे।

उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने बैठक में कहा कि बदलते समय के अनुरूप जिले में विकास कार्यों को गति देने के लिए सभी अधिकारी नई सोच के साथ कार्य करें। कार्य को पूर्ण करने के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर दक्षता के साथ टीम के रूप में कार्य करें। उन्होंने कहा कि अधिकारी-कर्मचारी हमेशा उत्साह एवं ऊर्जा के साथ कार्य करें। कार्यालयों में समस्याओं को बढ़ने नहीं दें, समस्याओं का शीघ्रता से समाधान करें।

उप मुख्यमंत्री श्री साव ने कहा कि सभी को समय के साथ अपने काम के तौर-तरीकों में भी बदलाव करना होगा। हमें तकनीकी ज्ञान और नए कौशल के साथ आगे बढ़ना होगा। अपने कार्यालयों में कार्य विभाजन कर सभी अधिकारियों-कर्मचारियों की जिम्मेदारी सुनिश्चित करें जिससे कार्य समय पर पूर्ण हो सके। उन्होंने अधिकारियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि आप सभी अपने कर्तव्यों का इस प्रकार निर्वहन करें कि आपके कार्यों से आपकी पहचान और प्रतिष्ठा बढ़े। इससे सरकार पर भी लोगों का भरोसा बढ़ेगा।

श्री साव ने विभागीय योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन के लिए अधिकारियों को नियमित रूप से फील्ड विजिट करने के निर्देश दिए। अधिकारियों के फील्ड में पहुंचने से टीम कार्य के प्रति सचेत रहती है। साथ ही अधिकारियों को योजनाओं के क्रियान्वयन की जमीनी हकीकत पता चलती है। फील्ड में जाने पर कार्यों में गति आएगी और समस्याओं का समाधान शीघ्र होगा। उन्होंने सरकार की विशेष प्राथमिकता की योजनाओं में गंभीरता से कार्य करने को कहा। उन्होंने जल जीवन मिशन के अंतर्गत हर घर शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने और प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत जरुरतमंद परिवारों को पक्का आवास उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन ने बैठक में कहा कि जिले के प्रभारी मंत्री श्री अरुण साव के मार्गदर्शन में जिले में विकास कार्याे को तेजी से पूर्ण किया जा रहा है। उन्होंने अधिकारियों को शासन की योजनाओं का क्रियान्वयन गंभीरता एवं सक्रियता से करने को कहा।

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अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर में अन्ननली के कैंसर की जटिल सर्जरी ‘इसोफैजेक्टॉमी’ सफलतापूर्वक संपन्न

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में कैंसर उपचार के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते हुए अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर में अन्ननली (फूड पाइप) के कैंसर से पीड़ित मरीज की अत्यंत जटिल एवं चुनौतीपूर्ण शल्यक्रिया इसोफैजेक्टॉमी (Esophagectomy) सफ tcलतापूर्वक की गई। इस जटिल ऑपरेशन का सफल नेतृत्व डॉ. अमोल पडेगांवकर एवं उनकी विशेषज्ञ सर्जिकल टीम ने किया।
इसोफैजेक्टॉमी को ऑन्को सर्जरी की सबसे कठिन और तकनीकी रूप से चुनौतीपूर्ण शल्यक्रियाओं में गिना जाता है। इस प्रक्रिया में कैंसरग्रस्त अन्ननली के हिस्से को निकालकर पेट (स्टमक) की सहायता से भोजन के लिए नया मार्ग बनाया जाता है। यह ऑपरेशन अत्यधिक विशेषज्ञता, अनुभवी एनेस्थीसिया टीम, आधुनिक आईसीयू सुविधाओं तथा बहु-विषयक चिकित्सा टीम के समन्वित प्रयासों की मांग करता है।
अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर में इस जटिल सर्जरी की सफलता प्रदेश के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। इससे अब छत्तीसगढ़ एवं आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को ऐसी उन्नत कैंसर सर्जरी के लिए महानगरों का रुख करने की आवश्यकता कम होगी और उन्हें अपने ही क्षेत्र में विश्वस्तरीय उपचार उपलब्ध हो सकेगा।
इस अवसर पर डॉ. अमोल पडेगांवकर ने कहा कि अन्ननली के कैंसर का समय पर पता चलना उपचार की सफलता के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। यदि किसी व्यक्ति को लंबे समय तक निगलने में कठिनाई, बिना कारण वजन कम होना, भोजन करते समय रुकावट महसूस होना अथवा लगातार उल्टी जैसी समस्याएं हों, तो तुरंत विशेषज्ञ चिकित्सक से परामर्श लेना चाहिए। प्रारंभिक अवस्था में रोग की पहचान होने पर उपचार के परिणाम कहीं अधिक बेहतर होते हैं।
अस्पताल प्रबंधन ने इस सफलता के लिए डॉ. अमोल पडेगांवकर एवं उनकी संपूर्ण सर्जिकल, एनेस्थीसिया, क्रिटिकल केयर, नर्सिंग तथा सहयोगी टीम को बधाई देते हुए कहा कि अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर उन्नत कैंसर उपचार की आधुनिक सुविधाएं प्रदान करने के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है।
यह सफल शल्यक्रिया न केवल अपोलो हॉस्पिटल, बिलासपुर की चिकित्सा विशेषज्ञता का प्रमाण है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि अब मध्य भारत में अत्याधुनिक एवं जटिल कैंसर सर्जरी विश्वस्तरीय मानकों के अनुरूप सफलतापूर्वक की जा रही हैं।